स्मृतियाँ
जून 27, 2023
•••••••••••••••••••••••••••• स्मृतियाँ कामनाओं के शव मन की सहमति से जीवनपर्यंत ढोया करती हैं... श्वासों की अंतिम तिथि …
काव्याक्षरा
जून 27, 2023
•••••••••••••••••••••••••••• स्मृतियाँ कामनाओं के शव मन की सहमति से जीवनपर्यंत ढोया करती हैं... श्वासों की अंतिम तिथि …
काव्याक्षरा
जून 07, 2023
कभी बादल कभी बारिश कभी उम्मीद का झरना तेरे #एहसास ने छूकर मुझे क्या-क्या न बना डाला हर लम्हा तुझे चाहा नज़रे इनायत को …
काव्याक्षरा
जून 06, 2023
ये सच है! सँभल जाइए! आज हमें अपने बच्चों के स्वभाव के विषय में यह समझना होगा कि गए ज़माने जब मार खाकर भी बच्चा पापा-मम…
काव्याक्षरा
जून 04, 2023
दिल /दिमाग़ एक बार अक्ल ने उसे भुलाना चाहा तो दिल ने उसकी सौ दफ़ा तस्वीर दिखा दी ये मसला था दिल का जिसको समझना मुश्क…
काव्याक्षरा
मई 29, 2023
हर ख्वाब की मनचाही ज़ुबां नहीं होती जो #खामोशी में बेहतर है बयां नहीं होती... मशगूल होते हैं तो कोई ग़म नहीं हो…
काव्याक्षरा
मई 23, 2023
#कहिए_पतिदेव अपरिमित प्रेम हृदय में लिए एक पत्नी पति से अपना कद छोटा होने को इस तरह से अभिव्यक्त कर रही है कि साबित हो …
काव्याक्षरा
मई 23, 2023
यही चाहते थे न तुम कि घड़ी दो घड़ी मैं ठहर जाऊँ तुम्हारे एहसासों को अपनी स्मृति में कहीं सहेज पाऊँ गर रख लेते मान …