सुपात्र.....
दिसंबर 14, 2023
जिससे खाया नहीं जाता मेरे भूखे रहने पर मुझे ब्याहा गया है एक ऐसे सुपात्र से समर्पण देख चुकी हूंँ मैं प्रेम में जितना चा…
काव्याक्षरा
दिसंबर 14, 2023
जिससे खाया नहीं जाता मेरे भूखे रहने पर मुझे ब्याहा गया है एक ऐसे सुपात्र से समर्पण देख चुकी हूंँ मैं प्रेम में जितना चा…
काव्याक्षरा
दिसंबर 12, 2023
रात के सन्नाटे में घड़ी की टिकटिक हो चाहे धड़कते हृदय की धकधक समय नहीं रुकेगा लेकिन किसी दिन घड़ी की गति रुक जाएगी प…
काव्याक्षरा
दिसंबर 12, 2023
जन्मों से थके इश्क को तुम्हारा साथ चाहिए जीभर के तसल्ली से जिसमें बिछड़ने का कोई रिवाज़ न हो न हो नाराज़गी के लम्हे गर…
काव्याक्षरा
नवंबर 30, 2023
यदि आकर्षण नहीं है तो संवेदनाएँ जुड़ जाती हैं किसी न किसी से ! और इस तरह करुणा निमित्त बनती है प्रेम का... आप इस …
काव्याक्षरा
नवंबर 29, 2023
रूप, गंध, स्पर्श और शब्द मोहित कर देते हैं! इनका आकर्षण होने पर प्रेम होने लगता है प्रेम का ये अंकुरण अपने उच्चतम स्तर…
काव्याक्षरा
नवंबर 27, 2023
आप कहते हैं लिखकर मन को वश कर लेती तुम कभी माँ सरस्वती का मुझको कोई वरदान कहते आप जीवन की झलक देख मेरे लेखन…
काव्याक्षरा
नवंबर 26, 2023
ज़िंदगी की भागदौड़ में हर रोज़ की जद्दोज़हद इस हद तक हावी हो जाती है कि फिर कविता को अपनी कविता को सहेजकर तह में समेटकर…