तलाश...
मई 21, 2024
तलाशा इश्क जब हमने उन मग़रूर आँखों में तराशे ख्वाब तब हमने अपनी मज़लूम आँखों में... ✍️ #काव्याक्षरा
काव्याक्षरा
मई 21, 2024
तलाशा इश्क जब हमने उन मग़रूर आँखों में तराशे ख्वाब तब हमने अपनी मज़लूम आँखों में... ✍️ #काव्याक्षरा
काव्याक्षरा
मई 21, 2024
प्रेमिकाओं को प्रेम अपेक्षित है पत्नियों को घर-संसार इन दोनों की अपेक्षाएँ पुरुष की हर अपेक्षा से अधिक तीव्र हैं ***✍️…
काव्याक्षरा
मई 21, 2024
तरंगें कल्पनाओं की थामकर रखिए सभी जो विचार फिसल जाते हैं आते नहीं हैं फिर कभी... ✍️ #काव्याक्षरा
काव्याक्षरा
मई 21, 2024
सिमट जाएँगे कोने में मेरे हिस्से के दुख-दर्द सभी जो तू फैला के अपना आँचल मेरे आँगन में खड़ी होगी...✍️ #काव्याक्षरा
काव्याक्षरा
मई 15, 2024
खतों की स्याही लिखते-लिखते हर इबारत में घुल गई आँसुओं ने इश्क की रवायत खूब निभाई...✍️ #kavyakshra
काव्याक्षरा
मई 15, 2024
हमारी सोच और उससे प्रेरित कार्य ही हमारे जीवन की रूपरेखा बनते हैं ।" आप देखिए, किसी का जीवन निर्बाध गतिमय है किस…
काव्याक्षरा
मई 11, 2024
एक तस्वीर मात्र तस्वीर ही नहीं होती न जाने कितने लम्हों की साक्षी बनती है एक तस्वीर ज़िंदगीभर सहेजी गई तस्वीरें उन ल…